शनिवार, 31 जनवरी 2026 को सुबह 11 बजे से श्री शंकराचार्य चौक से होगा ऐतिहासिक आयोजन
पट्टी।
सनातन धर्म के सर्वोच्च पीठ पर आसीन जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी श्री अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती जी व उनके शिष्यों और अनुनाइयों के साथ हुए अन्याय के विरोध में उनकी जन्मभूमि पट्टी में शनिवार, 31 जनवरी 2026 को प्रातः 11:00 बजे से “अन्याय प्रतिकार यात्रा” का आयोजन किया जाएगा।
इस विशाल यात्रा में सैकड़ों की संख्या में सनातन धर्मावलंबी, संत-समर्थक, धर्मप्रेमी नागरिकों के साथ-साथ अन्याय से क्षुब्ध अन्य संप्रदायों के लोग भी शंकराचार्य जी के सम्मान एवं न्याय की मांग को लेकर सम्मिलित होंगे। यह यात्रा धर्म, न्याय और आत्मसम्मान की सामूहिक आवाज़ बनेगी।
यात्रा का शुभारंभ #श्रीशंकराचार्यचौक (पूर्व में चमन चौक) से होगा, जो चौक बाज़ार होते हुए सिविल लाइंस, राजपूत चौराहा, बाईपास, उड्डयाडीह मोड़, मेन रोड से गुजरते हुए तहसील पट्टी में संपन्न होगी।
यात्रा संयोजक एवं भारतीय युवा विद्यार्थी संगठन (BYVS) के संस्थापक एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष राजा सक्षम सिंह योगी ने कहा कि शंकराचार्य जी केवल एक व्यक्ति नहीं, बल्कि सनातन परंपरा के सर्वोच्च प्रतीक हैं। उनके सम्मान से जुड़ा विषय सम्पूर्ण सनातन समाज के स्वाभिमान का प्रश्न है। इस यात्रा के माध्यम से शांतिपूर्ण एवं मर्यादित ढंग से अन्याय के विरुद्ध अपना विरोध दर्ज कराया जाएगा।
आह्वान किया गया है कि सभी सच्चे सनातनी एवं न्यायप्रिय नागरिक अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर सनातन के शिखर पुरुष शंकराचार्य भगवान के साथ हुए अन्याय के विरुद्ध अपनी आवाज़ बुलंद करें।

